लाडली जू तुमसे मिलने को तरसती हूँ भजन लिरिक्स | ladali ju tumse milne ko tarasti hun lyrics
लाडली जू तुमसे,मिलने को तरसती हूँ,क्या बताऊं,क्या छुपाने को मैं हंसती हूँ।। तर्ज – तेरी उम्मीद तेरा। बैरी दुनिया बड़ा सताती है,लाख रोऊं ना बाज आती है,सच बोलूं तो रूठ जाती है,अब इशारे करें यह लाख,ना मैं फसती हूँ,क्या बताऊं,क्या छुपाने को मैं हंसती हूँ।। पाप सागर में गहरा गोता है,ऐसा माया ने धर दबोचा … Read more