भए प्रगट कृपाला दीनदयाला कौशल्या हितकारी हिंदी लिरिक्स | bhaye pragat kripala deen dayala lyrics in hindi

भए प्रगट कृपाला दीनदयाला,कौशल्या हितकारी,हरषित महतारी मुनि मन हारी,अद्भुत रूप बिचारी।।ये भी देखें – अवध में राम आए है। लोचन अभिरामा तनु घनस्यामा,निज आयुध भुजचारी,भूषन बनमाला नयन बिसाला,शोभा सिंधु खरारी।। कर दुइ कर जोरी अस्तुति तोरी,केहि बिधि करूं अनंता,माया गुन ग्यानातीत अमाना,वेद पुरान भनंता।। करुणा सुख सागर सब गुन आगर,जेहि गावहिं श्रुति संता,सो मम हित … Read more

आरती कीजे श्याम सुन्दर की आरती लिरिक्स | aarti kije shyam sundar ki lyrics

आरती कीजे श्याम सुन्दर की,मदनमोहन श्री राधा बर की,आरती कीजे श्याम सुंदर की।। कनक सिंहासन राजत जोरि,विनती करत सुरजन कर जोरि,प्रनतपाल श्री गिरिवरधर की,प्रनतपाल श्री गिरिवरधर की,आरती कीजे श्याम सुंदर की।। चरणन बिच गंग बस आहि,जिनको नाम लेत तर जाहि,मृदुल मधुर श्री राधा बर की,मृदुल मधुर श्री राधा बर की,आरती कीजे श्याम सुंदर की।। प्राण … Read more

ॐ जय गुरुदेव हरे गुरू टेकचंद जी आरती | om jay gurudev hare guru tekchand aarti lyrics

ॐ जय गुरुदेव हरे, ॐ जय गुरुदेव हरें, दीनजनों के संकट, तुम गुरु दूर करें।। पुण्य पयोनिधि पावन, आलरी की धरती, हर्ष विभोर धरा ने, गोदी निज भर दी।। लता पुष्प लहराये, सरस समय आया, सुमन गंध अंजलि भर, श्रद्धानत लाया।। एक अलौकिक क्षण था, बिखरी नव आभा, गुरु के चरण परत ही, दुख विषाद … Read more

आरती मंगलकारी की पवनसुत अति बलधारी की लिरिक्स | aarti mangalkari ki pawansut ati baldhari ki lyrics

आरती मंगलकारी की,पवनसुत अति बलधारी की।। तर्ज – आरती कुञ्ज बिहारी की। गले में तुलसी की माला,बजावें मृदंग करताला,ह्रदय में दशरथ के लाला,भाल पे तिलक,अनोखी झलक,कथा की ललक,मधुर छवि जनहितकारी की,पवनसुत अति बलधारी की,आरतीं मंगलकारी की,पवनसुत अति बलधारी की।। जगत के जितने दुर्लभ काज,कृपा से सबहिं देते नवाज,नाम से भागत भूत पिशाच,राम के दूत,अंजनी के … Read more

अधरधर मुरली बजैया की आरती कृष्ण कन्हैया की लिरिक्स | adhar dhar murli bajaiya ki aarti krishna kanhaiya ki lyrics

अधरधर मुरली बजैया की,आरती कृष्ण कन्हैया की।। कृष्ण तुम मथुरा जन्म लियो,नन्द घर मंगलाचार कियो,यशोदा गोद खिलैया की,आरती कृष्ण कन्हैया की।। कृष्ण तुम यशोदा के छैया,श्याम बलदाऊ के भैया,वन वन धेनु चरैया की,आरती कृष्ण कन्हैया की।। कृष्ण तुम कंसासुर मारयो,श्याम तुम भूमिभार टारयो,कालिया नाग नथैया की,आरती कृष्ण कन्हैया की।। कृष्ण तुम अर्जुन के प्यारे,श्याम हो … Read more

ॐ जय श्री ओम बन्ना आरती लिरिक्स | om jai shri om banna aarti lyrics

ॐ जय श्री ओम बन्ना,ॐ जय श्री ओंम बन्ना,आरती री वेला पधारो,आरती री वेला पधारो,भक्त उडिके बाटा,ॐ जय श्री ओंम बन्ना।। पातावत राठौडी कुल में,आप लिया जामा,ओ बन्ना आप लिया जामा,होया भोमिया जुग मे,होया भोमिया जुग मे,धिन राठौडी राजा,ॐ जय श्री ओंम बन्ना।। बुलट सवारी सोवे,पूरे सब काजा,ओ बन्ना पूरे सब काजा,ओम बन्ना ने सिवरे,ओम … Read more

श्री श्याम चालीसा हिंदी लिरिक्स खाटूश्याम चालीसा | khatu shyam chalisa hindi lyrics

श्री श्याम चालीसा, दोहा – श्री गुरु चरण ध्यान धर,सुमीर सच्चिदानंद,श्याम चालीसा बणत है,रच चौपाई छंद। श्याम श्याम भजि बारंबारा,सहज ही हो भवसागर पारा।इन सम देव न दूजा कोई,दिन दयालु न दाता होई।। भीम सुपुत्र अहिलावाती जाया,कही भीम का पौत्र कहाया।यह सब कथा कही कल्पांतर,तनिक न मानो इसमें अंतर।। बर्बरीक विष्णु अवतारा,भक्तन हेतु मनुज तन … Read more

मात श्री राणीसती जी मेरी कष्ट कर दूर भक्त के री लिरिक्स | maat shri rani sati ji meri aarti lyrics

मात श्री राणीसती जी मेरी,कष्ट कर दूर भक्त के री।। पाय मैं पडूँ मात थारे,क्षमा कर चूक भयी म्हारे,अनेको विघन आप टारे,काज निज भक्तन के सारे,दोऊ कर जोड़े मैं खड़ा,जननी थारे द्वार,ओ मैया जननी थारे द्वार,दुखित दीन माँ जान के मुझको,जरा दो पलक उघाड़,कृपा कर बिलखत भयी देरी,कष्ट कर दूर भक्त के री।मात श्री रानीसती … Read more

जय डमरूधर नयन विशाला काल भैरव चालीसा लिरिक्स | bhairav chalisa lyrics in hindi

जय डमरूधर नयन विशाला, दोहा – श्री भैरव संकट हरन, मंगल करन कृपालु, करहु दया निज दास पे, निशि दिन दीनदयालु।। जय डमरूधर नयन विशाला, श्याम वर्ण वपु महा कराला।। जय त्रिशूलधर जय डमरूधर, काशी कोतवाला संकटहर।। जय गिरिजासुत परमकृपाला, संकटहरण हरहु भ्रमजाला।। जयति बटुक भैरव भयहारी, जयति काल भैरव बलधारी।। अष्टरूप तुम्हरे सब गायें, … Read more

शिव पंचाक्षर स्तोत्र नागेन्द्रहाराय त्रिलोचनाय लिरिक्स | shiv panchakshar stotra lyrics

शिव पंचाक्षर स्तोत्र, नागेन्द्रहाराय त्रिलोचनाय, भस्माङ्गरागाय महेश्वराय, नित्याय शुद्धाय दिगम्बराय, तस्मै नकाराय नम: शिवाय।। मन्दाकिनीसलिलचन्दनचर्चिताय, नन्दीश्वरप्रमथनाथमहेश्वराय, मन्दारपुष्पबहुपुष्पसुपूजिताय, तस्मै मकाराय नम: शिवाय।। शिवाय गौरीवदनाब्जवृन्द, सूर्याय दक्षाध्वरनाशकाय, श्रीनीलकण्ठाय वृषध्वजाय, तस्मै शिकाराय नम: शिवाय।। वसिष्ठकुम्भोद्भवगौतमार्य, मुनीन्द्रदेवार्चितशेखराय, चन्द्रार्कवैश्वानरलोचनाय, तस्मै वकाराय नम: शिवाय।। यक्षस्वरूपाय जटाधराय, पिनाकहस्ताय सनातनाय, दिव्याय देवाय दिगम्बराय, तस्मै यकाराय नम: शिवाय।। पञ्चाक्षरमिदं पुण्यं य: पठेच्छिवसन्निधौ, शिवलोकमवाप्नोति शिवेन … Read more