अमृत को छोड़ कर जहर काहे पीजे भजन लिरिक्स | amrit ko chodkar jahar kahe pije lyrics
अमृत को छोड़ कर, जहर काहे पीजे, राम नाम लीजे, और सदा मौज कीजे।। मीठा राम नाम है, और मीठी राम की कथा, मीठा राम रूप से, कहो कौन है भला, बोलो इस मिठास पे, कौन नही रीझे, राम नाम लीजे, और सदा मौज कीजे।। लोभ की नाव हो, और मोह पतवार हो, छल का … Read more