ॐ जय कलाधारी हरे बाबा बालक नाथ जी आरती लिरिक्स | om jai kaladhari hare balak nath aarti lyrics

ॐ जय कलाधारी हरे, स्वामी जय पौणाहारी हरे, भक्त जनों की नैया, दास जनों की नैया, भव से पार करे, ॐ जय कलाधारी हरे।। बालक उमर सुहानी, नाम बालक नाथा, अमर हुए शंकर से, सुन के अमर गाथा, ॐ जय कलाधारी हरे।। शीश पे बाल सुनहरी, गले रुद्राक्षी माला, हाथ में झोली चिमटा, आसन मृगशाला, … Read more

धोरे धोरे आरती उतारा तेजा जी आरती लिरिक्स | dhore dhore aarti utara teja thari re lyrics

थारा हाथा माहि कलश,बड़ो भारी कवर तेजा हो,हाँ रे सावत सुरा ओ,धोरे धोरे आरती उतारा,तेजा थारी ओ।। पेरयो थने कसुमल,जामो कवर तेजा हो,हाँ रे सावत सुरा ओ,धोरें धोरें आरती उतारां,तेजा थारी ओ।। पेरयो थने कोट जरी को,कवर तेजा हो,हाँ रे सावत सुरा ओ,धोरें धोरें आरती उतारां,तेजा थारी ओ।। बाँधी थने पचरंग पाग,कवर तेजा हो,हाँ रे … Read more

हे गणपति तेरी आरती गाऊ लिरिक्स | he ganpati teri aarti gaun lyrics

हे गणपति तेरी आरती गाऊ,आरती गाऊं देवा आपको रिझाऊ,हे गणपति तेरी आरती गाऊं।। तर्ज – बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं। शिव गौरी के प्यारे लाडले,सर्व काज में लाज राख ले,लम्बोदर देवा शिश नवाऊ,हे गणपति तेरी आरती गाऊं।। कनक सिंहासन देवा आप विराजे,रिद्धि सिद्धी संग शोभा पावे,लम्बोदर देवा दुब चढ़ाऊ,हे गणपति तेरी आरती गाऊं।। एकदंत और … Read more

गिरिराज अष्टकम हिंदी लिरिक्स | giriraj ashtakam lyrics

गिरिराज अष्टकम, भक्ताभिलाशा चरितानुसारि,दुग्धादिचौरयेण यशोविसारि,कुमारिता नंदिता घोषानारी,ममः प्रभु श्री गिरिराजधारी।। व्रजांगनावृंद सदाबिहारी,अंगैगुहागार तमोपाहारी,क्रीड़ा रसावेश तमोभिसारि,ममः प्रभु श्री गिरिराजधारी।। वेणुस्वनानंदिता पन्नागारी,रसातलानृत्य पद प्रचारी,क्रीड़न्यवस्या कृतिदैत्यमारी,ममः प्रभु श्री गिरिराजधारी।। पुलिन्ददारा हितशम्बारारी,रमासदोदारा दया प्रकारी,गोवर्धने कंद फलोपहारी,ममः प्रभु श्री गिरिराजधारी।। कालिंदाजाकूल दुकुलहारी,कुमारिका कामलावितारी,वृंदावने गोधनवृदचारी,ममः प्रभु श्री गिरिराजधारी।। व्रजेन्द्र सर्वाधिक शर्मकारी,महेन्द्र गर्वाधिक गर्वहारी,वृन्दावने कन्दफलोपहारी,ममः प्रभु श्री गिरिराजधारी।। मन: कलानाथ तमोविदारी,वंशीरवाकारित तत … Read more

ॐ जय श्री जगतारण नंगली साहिब आरती लिरिक्स | om jai shri jagtaran aarti lyrics

ॐ जय श्री जगतारण, स्वामी जय श्री जगतारण, शुभ मग के उपदेशक, यम त्रास निवारण।। ओम जय श्री।। परमारथ अवतार जगत में, गुरु जी ने है लीन्हा, मेरे स्वामी जी ने है लीन्हा, हम जैसे भागियन को, गृह दर्शन दीन्हा।। ओम जय श्री।। कलि कुटिल जीव निस्तारण को, प्रभु सन्त रूप धर के; स्वामी सन्त … Read more

आरती लखदातार की खाटू श्याम आरती लिरिक्स | aarti lakhdatar ki lyrics

भोर भई दिन, चढ़ गयो म्हारा बाबा, हो रही जय जयकार, मंदिर मा, आरती लखदातार की, आरती लखदातार कीं।। तर्ज – भोर भई दिन। ज्योत जगावां थारै, भोग लगावां, रुचि रुचि करा मनुहार, मंदिर मा, आरतीं लखदातार की, आरतीं लखदातार की।। केसरियो बागो सोहवे, छत्तर विराजे, गले में नौलख हार, मंदिर मा, आरतीं लखदातार की, … Read more

हो रही तेरी आरती मिनावाड़ा की दशा माँ लिरिक्स | ho rahi teri aarti minavada ki dasha maa lyrics

हो रही तेरी आरती,मिनावाड़ा की दशा माँ।। है जग जननी माँ कल्याणी,करे आरती भक्त तुम्हारी,द्वार तुम्हारे उतारे आरती,मिलकर के नर और नारी,नर और नारी,हो रहीं तेरी आरती,मिनावाड़ा की दशा माँ।। ढोल नगाड़ा शंख बजे है,गूंज रही शहनाई,रुमझुम रुमझुम होबे आरती,जग मग जग ज्योत जगाई,माँ ज्योत जगाई,हो रहीं तेरी आरती,मिनावाड़ा की दशा माँ।। शीश मुकुट गल … Read more

श्री गणेश चालीसा लिरिक्स | ganesh chalisa lyrics in hindi

श्री गणेश चालीसा लिरिक्स, दोहा – जय गणपति सदगुणसदन,कविवर बदन कृपाल,विघ्न हरण मंगल करण,जय जय गिरिजा लाल।। जय जय जय गणपति गणराजू,मंगल भरण करण शुभ काजू।।जय गजबदन सदन सुखदाता,विश्व विनायक बुद्धि विधाता।। वक्र तुण्ड शुची शुण्ड सुहावन,तिलक त्रिपुण्ड भाल मन भावन।।राजत मणि मुक्तन उर माला,स्वर्ण मुकुट शिर नयन विशाला।। पुस्तक पाणि कुठार त्रिशूलं,मोदक भोग सुगन्धित फूलं।।सुन्दर … Read more

माता अम्बे मेरी माँ जगदम्बे मेरी आरती लिरिक्स | mata ambe meri maa jagdambe meri aarti lyrics

माता अम्बे मेरी,माँ जगदम्बे मेरी,आरती उतारे आज,हम सब तेरी।। देखे – ॐ जय अम्बे गौरी। पान सुपारी ध्वजा नारियल,तेरी भेंट चढ़ाये,मैया तेरी भेंट चढ़ाये,लाल चोला तेरे अंग विराजे,केसर तिलक लगाए,माता अम्बें मेरी,माँ जगदम्बे मेरी,आरती उतारे आज,हम सब तेरी।। ब्रम्हा वेद पड़े तेरे द्वारे,शंकर ध्यान लगावे,मैया शंकर ध्यान लगावे,ब्रम्हाणी रुद्राणी तेरी,महिमा हम सब गावे,माता अम्बें मेरी,माँ … Read more

श्री यमुनाजी के 41 पद हिंदी में लिखित | yamunaji ke 41 pad lyrics in hindi

श्री यमुनाजी के 41 पद, पद संख्या 1 पिय संग रंग भरि करि कलोले,सबन को सुख देन,पिय संग करत सेन,चित्त में तब परत चेन जबही बोले।अतिहि विख्यात,सब बात इनके हाथ,नाम लेत ही कृपा करी अतोले,दरस करी परस करी ध्यान हिय में धरे,सदा ब्रजनाथ इन संग में डोले। अतिही सुख करन दुख सबन के हरन,यही लीनो … Read more